ब्रेकिंग
बिलासपुर: कार्य की धीमी गति पर कंपनी के साथ जिम्मेदार अधिकारियों पर भी की जानी चाहिए थी कार्यवाही, स... बिलासपुर: महादेव और रेड्डी अन्ना बुक के सटोरियों पर पुलिस की बड़ी कार्यवाही बिलासपुर: जूनी लाइन स्थित सुरुचि रेस्टोरेंट के पास रहने वाले कृष्ण कुमार वर्मा के बड़े बेटे श्रीकांत ... बिलासपुर में UP65/ EC- 4488 नँबर की कार से जब्त हुए 5 लाख नकद बिलासपुर: सदभाव पत्रकार संघ छत्तीसगढ़ की बैठक में संगठन की मजबूती पर चर्चा बिलासपुर: शैलेश, अर्जुन, रामशरण और विजय ने कहा- पूर्व मंत्री अमर अग्रवाल के कार्यकाल में भाजपा के पू... बिलासपुर: मुफ्त वैक्सीन के लिए अब केवल 7 दिन शेष, कलेक्टर ने की अपील, सभी लगवा लें टीका बिलासपुर: मोपका और चिल्हाटी के 845/1/न, 845/1/झ, 1859/1, 224/380, 1053/1 खसरा नँबरों की शासकीय भूमि ... बिलासपुर: क्या अमर अग्रवाल की बातों को गंभीरता से लेंगे कलेक्टर सौरभ कुमार? नेहरू चौक में लगी थी राज... बिलासपुर: इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के द्वारा नर्सिंग और गैर नर्सिंग स्टाफ़ के व्यक्तित्व विकास एवं कम्...

मेडिकल छात्रों से रू-ब-रू हुए स्वास्थ्य मंत्री

बिलासपुर। प्रदेश के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री टी.एस. सिंहदेव ने कहा है कि एमबीबीएस इंटर्नशिप कर रहे छात्रों की शिष्यवृत्ति बढ़ाने के बारे में प्रदेश भर से मांग आई है, इस पर सरकार परीक्षण करा रही है। उन्होंने सिम्स हॉस्टल में जगह की कमी का तात्कालिक हल निकालने और यहां कैंटीन शुरू करने की बात कही है।

छत्तीसगढ़ इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (सिम्स) कॉलेज के विद्यार्थियों से सिम्स ऑडिटोरियम में श्री सिंहदेव ने सीधे संवाद किया और उनकी समस्याओं से रू-ब-रू होकर उनका समाधान किया। छात्रों ने छात्रावास में जगह की कमी की ओर उनका ध्यान आकृष्ट कराया और नये भवन की मांग की।

श्री सिंहदेव ने उन्हें बताया कि सिम्स का नया भवन कोनी में बनेगा लेकिन उसमें समय लगेगा, तब तक छात्रों के लिए किराये के आवास की व्यवस्था की जायेगी। छात्रों ने कॉलेज की लाइब्रेरी को 24घंटे खुला रखने की मांग की। श्री सिंहदेव ने कहा कि लाइब्रेरी को सातों दिन, 24घंटे खुला रखने की व्यवस्था करेंगे।

एमबीबीएस इंटर्नशिप छात्रों को प्रदाय की जाने वाली शिष्यवृत्ति को 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 20 हजार रुपये करने की मांग पर श्री सिंहदेव ने कहा कि पूरे प्रदेश से यह मांग आई है, इसका परीक्षण कराया जायेगा। वर्तमान में चिकित्सा महाविद्यालयों में एमबीबीएस करने के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में दो वर्ष की बंद अवधि का नियम लागू है। उक्त दो वर्ष की अवधि को एक वर्ष करने का अनुरोध विद्यार्थियों ने किया।

श्री सिंहदेव ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सकों के पदों को भरने का दबाव है। इसलिये फिलहाल दो वर्ष की अवधि को कम नहीं किया जायेगा। लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में सेवा देने वाले छात्रों को बेहतर से बेहतर सुविधा दी जायेगी। स्वास्थ्य सचिव ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में सेवा करने वाले छात्रों को पीजी में अतिरिक्त मार्क्स दिये जाते हैं।

श्री सिंहदेव ने छात्रों की मांग पर कहा कि सिम्स में स्नात्तकोत्तर की सीटें बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने सिम्स छात्रावास में कैंटीन शुरू करने की स्वीकृति दी।

इस संवाद में स्वास्थ्य सचिव श्रीमती निहारिका बारिक सिंह, स्वास्थ्य संचालक आर. प्रसन्ना, चिकित्सा शिक्षा विभाग के संचालक डॉ. एम. के चंद्राकर, सीजीएमसी के एमडी सर्वेश चंद्र भूरे, सिम्स के डीन डॉ. डी. के. पात्रा, कलेक्टर डॉ. संजय अलंग सहित मेडिकल कॉलेज के प्रोफेसर और छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।  

पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए इस नम्बर पर सम्पर्क करें- 9977679772